सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

Kun To Laya Tumbada Bhajan Lyrics कुण तो लाया तुम्बड़ा

 कुण तो लाया तुम्बड़ा


स्थाई : कुण तो लाया तुम्बड़ा ने,कुण तो नागरवेल। 
            कुण तो लाया रे संतो री अमरवेल।।

शिवजी लाया तुम्बड़ापारवता नागरवेल। 
गोरखजी लाया रेसंतो री अमरवेल।।

किण ने देवा तुम्बड़ा नेकिण ने नागरवेल। 
किण ने दोला रेसंतो री अमरवेल।।

शिवजी ने देवा तुम्बड़ा नेपारवता ने नागरवेल। 
गोरखजी ने दोला रेसंतो री अमरवेल।।

कठे बवाड़ू तुम्बड़ा नेकठे रे नागरवेल। 
आ कठोड़े बवाड़ूसंतो री अमरवेल।।

बागे बवाड़ू तुम्बड़ा नेबगीचा नागरवेल। 
भजना में बवाड़ूसंतो री अमरवेल।।

किणती सींचू तुम्बड़ाकिणती नागरवेल। 
किणती सींचू रेसंतो री अमरवेल।

घी सूं सींचू तुम्बड़ादूधा सूं नागरवेल। 
शबदां ती सींचू रेसंतो री अमरवेल।।

सूखण लागा तुम्बड़ाकलमीजे नागरवेल। 
कूंपळ तो मेले रेसंतो री अमरवेळ।।

राजा भरतरी री अरज विनतीसुनो सभा चित लाय। 
अमर होइजो रेसंतो री अमरवेळ।
                              ✽✽✽✽✽

यह भजन भी देखे 

Sinvaru Pratham Nit Tumko सिंवरू प्रथम नित तुमको

Sat Ri Sangat Mhane Dijo सत री संगत म्हाने दीजो

Jai Dharti Maa Jai-Jai Gaumata जय धरती माँ, जय-जय गौ माता

Lakhoji Fulani Se Prapt Gyaan

Vino Baje Sanwariya Thare Naam Ro विनो वाजे साँवरिया थारे नाम रो

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Aam Ki Dali Koyal Bole Bhajan Lyrics आम की डाली कोयल बोले

आम की डाली कोयल बोले   दोहा :-  ब्रह्मधाम आसोतरा में तो , सुन्दर बण्यो धाम।        खेतारामजी इच्छा पूरे , करे भगता रो काम।। स्थाई :-  आम की डाली कोयल बोले , बात बतावे खरी खरी। खेतेश्वर को जपले प्राणी , म्हें समझाऊँ घड़ी - घड़ी।। ब्रह्मधाम आसोतरा मे , नर नारी रो मेलो है। खेतेश्वर रो ध्यान धरो , हरदम थारे भेलो है। गाँव - गाँव और नगर - नगर में धूम मची है गली - गली।। धन दौलत सब उमर कमाणी , दोय घड़ी शुभ काम करो। ऐड़ो अवसर हाथ नी आवे , चाहे जतन तमाम करो। तन मन धन सब अर्पण कर दो , ब्रह्मधाम के आप धणी।। आप बसे वैकुण्ठ धाम प्रभो ! भगत पर आज म्हेर करो। ज्ञान ध्यान के तुम हो सागर , सूखी नदियाँ नीर भरो। प्यासी बगियाँ में रस भर दो , हो जावे वो हरी भरी।। ब्रह्म स्वरूपी महावैरागी , खेतेश्वर तपधारी है। आप के शरणे जो कोई आवे , नैया पार उतारी है।   दास हिरा पे किरपा कर दो , भक्त बणाई कड़ी - कड़ी।।       ...

Baras Baras Mhara Indra Raja Bhajan बरस बरस म्हारा इंद्र राजा

।।   बरस बरस म्हारा इंद्र राजा ।। बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में , बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में , जाटा जी बुलावे राजा देव रे ओलमा , पलका बिछाई थारा दहेला में , बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में , गुर्जरजी बुलावे राजा देव रे   ओलमा , फुलड़ा लाइजे भर थेला में , बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में , मीणाजी बुलावे राजा देव रे ओलमा , करो प्रकट धेन धेला में , बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में , सोहन सिंह गावे प्रहलाद बनावे , भजन सुरीला कैसेट अल्फ़ा में , बरस बरस म्हारा इंद्र राजा तेजाजी का मेला में ,                        ✽✽✽✽✽ यह भजन भी देखे  ऊँचो भवानी थांरो देवरो Uncho Bhawani Tharo Dewaro Lok Laaj Dinhi Khoy Fakiri लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी Ganesh Ji Aarti श्री गणेशजी की आरती काली कमली वाला मेरा यार है Kali Kamali Wala Mera Yaar Hai Guru Gyaani...

Rang Lago Ji Mhane Kodh Lago Bhajan Lyrics रंग लागो जी म्हाने कोड

Rang Lago Ji Mhane Kodh Lago Bhajan    दोहा:- धिन धिन धोरा धरती ने, पड़ियो समन्द में सीर।  कलजुग में परचा दिया, थाने रंग हो रामापीर।। तटके ताला टूटीया, झटके पड़ी आ जंजीर।  रतनो हाजिर होवियो,  थाने रंग हो रामापीर।।   स्थाई:-  रंग लागो जी म्हाने कोड लागो रे, म्हाने जाणो रे रूणीचा वाले धाम, म्हारा मनवा रंग लागो।। भादरवे री बीज चानणी।  कोई प्रकट्या दीनदयाल,  म्हारा मनवा रंग लागो।। थोथी थलियाँ में बणियो देवरो।  कोई धजा रे फरुखे आसमान,  म्हारा मनवा रंग लागो।। मेवा मिठाई चढ़े चूरमो रे।  बाबा चढ़े चढ़े लीलड़िया नारेळ,  म्हारा मनवा रंग लागो।। दूर देशां रा आवे जातरी।  थारो मेलो रे भरीजे भरपूर जी,  म्हारा मनवा रंग लागो।। कुशल रतन री वीनती रे।  थारा प्रकाश माली जश गाय,  म्हारा मनवा रंग लागो।।                                        ✽✽✽✽✽ यह भजन भी देखे ...